Header Ads Widget

Ticker

6/recent/ticker-posts

मिलणां कठिन है में कैसे मिलूं पिया से जाय लिरिक्स/ milna kathin he me kese milu piya jay lyrics

टेक- मिलणां कठिन है 

में कैसे मिलूं पिया से जाय ॥ टेर ।। 


1- अगम मूमि जहाँ महल की 

हमसे चढ्यो न जाय । 

औघट घाट गैल रपटणी 

पाव नहीं ठहराय ॥ १ 

मिलणां कठिन है 

में कैसे मिलूं पिया से जाय ॥


2- साध साध कर पग धरूं 

बार बार डिग जाय ॥ 

अति बारीक पंथ बहु झीना

सुरति झकोरा खाय ॥ २ ॥ 

मिलणां कठिन है 

में कैसे मिलूं पिया से जाय ॥


3- लोक लाज मरजाद जगत की 

देखत मन सकुचाय । 

जो या बात नहीं जो बने तो 

लाज तजी ना जाय ॥ ३ ॥ 

मिलणां कठिन है 

में कैसे मिलूं पिया से जाय ॥


4- दूजे सतगुर मिले पंथ पर 

मारग दियो बताय । 

साहेब कबीर मुक्ति के दाता

शीतल अंग लगाय ॥ ४ ॥

मिलणां कठिन है 

में कैसे मिलूं पिया से जाय ॥


आपको भजन अच्छा लगा हो या कोई त्रुटि दिखाई देती हो तो कमेंट करके जरूर बताये और blog को follow जरूर करे और आपको लिखित भजन एवं वीडियो social site पर भी मिल जायेंगे तो आप हमें वहाँ भी follow कर सकते है। 


YOU TUBE    -     भजन वीडियो

FACEBOOK   -     FOLLOW

INSTAGRAM  -    FOLLOW

TELEGRAM    -     JOIN

TELEGRAM  GROUP  -  JOIN

TWITTER       -     FOLLOW

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ